देवास (खुमानसिंह बैस/शाकिर अली दीप) पुलिस अधीक्षक डॉक्टर शिवदयालसिंह ने पुलिस परेड ग्राउण्ड पर आयोजित पत्रकारवार्ता मे बताया कि आन्ध्रप्रदेश पुलिस के साथ एक माह की सक्रिय ,संयुक्त कार्रवाई मे 15 करोड़ के मोबाइल सहित दो आयशर वाहन,एक कार,एक ट्रक कीमत एक करोड़ रूपये जप्त करने और तीन आरोपियों को गिरफ्तार करने मे बड़ी सफलता मिली है ।
अपराध का खुलासा : – थाना टोंकखुर्द के अपराध कमाक 172 / 2020 दिनाक 20.07.2020 करीब 04 लाख एवं अपराध क्रमांक 183/20 दिनांक 21.07.2020 करीब 35 लाख कीमत को गंभीरतापूर्वक लेते हुए पुलिस अधीक्षक देवास डा .शिवदयालसिंह द्वारा एक विशेष टीम गठित की गई थी । टीम में सायबर . CCTV एवं मुखबिर की सूचना के आधार पर विभिन्न शहरों पूणे.मुम्बई.इन्दौर , भोपाल सहित अन्य शहरों में छापामार कार्रवाई की गई और अन्य राज्यों आन्ध्रप्रदेश ,,तेलंगाना.मुम्बई आदि राज्यों की पुलिस के सहयोग से अन्तर्राज्यीय हाईव डकैती गिरोह का पर्दाफाश किया गया । जप्तशुदा सामग्री की अनुमानित कीमत 16 करोड़ बताई जा रही है ।
एम आय शी ओमी कम्पनी के मोबाइल फोन 7663 नग, कीमत 9 करोड़ 85 लाख, अन्य कंपनी के मोबाइल फोन 2687 नग,कीमत 4 करोड़ 98 लाख, दो आयशर वाहन ,2 ट्रक,1कार कीमत एक करोड़ सहित कुल 16 करोड़ का माल जप्त कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है ।
तरीका वारदात : – मुख्य सरगाना राम गाडे जो कि एक साफ्टवेयर इंजीनियर है और IMEI स्वेप करने का मास्टर माइंड है ।यह इन्दौर मुम्बई शहरों में अपना करोबार संचालित कर रहा है । यह मोबाईल IMEI स्वेप करके अन्तर्राष्ट्रीय बाजार में सप्लाई करता है । इसकी और अधिक जांच की जा रही है । गिरफ्तार आरोपियों के नाम राम गाडे पिता गौरख गाडे 26 साल जाति मराठा निवासी बीड पूणे महाराष्ट्र ,02.अंकित झांझा पिता राजाबाबू झांझा उम 25 साल जाति कंजर निवासी धानीघाटी थाना हाटपीपल्या , जिला देवास,03. रोहित झाला पिता भूरिया झाला 25 साल जाति कंजर निवासी चिड़ावद थाना टोकखुर्द ,देवास
उक्त आरोपियों के पूर्व में थाना टोकखुर्द , हाटपीपल्या ( मध्यप्रदेश और अन्य राज्यों के विभिन्न थानो मे अपराध पंजीबद्ध हैं जिनकी जानकारी निकाली जा रही है । इस बड़ी अफरातफरी करीब एक दर्जन से अधिक नामजद आरोपी हैं ।
डकैती के मोबाइल इन्दौर की एक महिला आरक्षक के गोडाउन से जप्त (बरामद)करना भी चर्चा मे है । बताया जाता है कि एक आरोपी ने यह गोडाउन किराये पर लिया था । गोडाउन का उपयोग करोड़ों की डकैती के मोबाइल रखने मे किये जाने का पता महिला आरक्षक को नहीं था ऐसा बताया जा रहा है । जांच जप्ति और गिरफ्तारी की संयुक्त कार्रवाई एक माह से जारी थी और अभी एक दर्जन से अधिक गिरफ्तारी की जानी है ।
इस सराहनीय कार्य में किरण कुमार शर्मा उप पुलिस अधीक्षक ( मुख्यालय ) के नेतृत्व में टीम गठित की गई थी । थाना बैंक नोट प्रेस प्रभारी निरीक्षक मुकेश ईजारदार , थाना विजयगंज मण्डी प्रभारी उप निरीक्षक जितेन्द्र सिंह जादौन , सायबर सेल आरक्षक शिवप्रताप सिंह सेंगर ,उप निरीक्षक कुसुम गोयल , थाना टोंकखुर्द , आरक्षक आलोक चंदेल , आरक्षक राकेश गुर्जर , आरक्षक सजय मालवीय , आरक्षक विशाल हाडा , आरक्षक सुभाष बोडाना थाना विजयगंज मण्डी , आरक्षक जितेन्द्र गोस्वामी , थाना औद्योगिक क्षेत्र , आरक्षक यशंवत सिंह तोमर थाना नाहरदरवाजा , आरक्षक शिवकुमार , आरक्षक महेन्द्र राव , सैनिक भगवान सिंह थाना बैंक नोट प्रेस एवं सायबर सेल आरक्षक सविता चौहाना , आरक्षक गीतिका कानूनगो का सराहनीय योगदान रहा । इस टीम को पुलिस अधीक्षक देवास द्वारा नगद पुरस्कार से पुरूस्कृत करने की घोषणा भी की गई है ।
उल्लेखनीय है कि देवास के कंजर लूट,डकैती और हत्या मे अनेक राज्यों मे कुख्यात होकर निरंतर सक्रिय है । कुछ समय पहले पश्चिम बंगाल पुलिस ने भी करोड़ों की दवाईयां लूट मे देवास के कंजर डेरों पर छापे मारे थे और शहर के एक मेडिकल संचालक को पकड़ा भी था लेकिन इस मामले की जानकारी प्रेस को नहीं दी गई ।

