मुख्यमंत्री की घोषणा के बाद उदयनगर महाविद्यालय का नाम विवाद में सुनील योगी


बागली – परिवारवाद का प्रचार करके कांग्रेस पार्टी को दूर करने वाली भाजपा भी आप अछूती नहीं है । भाजपा शासनकाल में बागली विधानसभा को आवश्यकता अनुरूप दो महाविद्यालय मिले हैं। जिनका संचालन शुरू हो चुका है । पहला महाविद्यालय सतवास जिसका नाम क्षेत्र के दिवंगत राजनीतिक संत उपाधि प्राप्त कैलाश जोशी के नाम रखा गया है । वहीं उदय नगर में संचालित महाविद्यालय का नाम मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान स्वयं क्षेत्र के दिवंगत विधायक चंपालाल देवड़ा के नाम करने की घोषणा करके गए। हाल ही में परिवारवाद के चलते महाविद्यालय का नाम स्व उदयसिंह कन्नोजे के नाम पर रखे जाने की कवायद ने मामले को तूल दे दिया है। चंपालाल देवड़ा के पुत्र कन्हैया देवड़ा ने इस बात की आपत्ति दर्ज कराते हुए कहा कि यह उनके पिता का अपमान नहीं है । बल्कि सभी देवता तुल्य भाजपा कार्यकर्ताओं का अपमान है। मुख्यमंत्री की घोषणा सभी कार्यकर्ताओं की सहमति से हुई थी और दिवंगत विधायक चंपालाल देवड़ा की कर्म स्थली के साथ-साथ उनके कार्य भी ऐसे हैं कि उनके नाम से महाविद्यालय का नाम रखा जा सकता है। एन वक्त पर परिवारवाद लागू होना हिटलर शाही कहलाता है। समय रहते इसमें सुधार की आवश्यकता है।