खुमान सिंह बैस
देवास । नगरीय निकाय चुनाव मे अनेक वार्डो से भाजपा-कांग्रेस के अनेक बागी निर्दलीय प्रत्याशी बनकर पार्टी के घोषित प्रत्याशियों को पसीना ला रहे हैं । वार्डो के परिणाम आश्चर्यजनक आने के आसार साफ दिखाई दे रहे हैं । अनेक वार्डो मे पत्नियों के नाम पर पतियों की सक्रियता जागरुक मतदाताओं मे निंदा और चर्चा का विषय है ।
महापौर प्रत्याशियों मे भाजपा-कांग्रेस की घरेलु,महिलाओं को प्रत्याशी बनाने के निर्णय देवास की जनता सीधे नकार रही है । इनके जनसंपर्क मे भी पार्टी के ही कार्यकर्ता और विधायक सहित अन्य पदाधिकारी ही दिखाई दे रहे हैं । पत्रकारों से चर्चा मे यह बात सामने आ रही है कि भाजपा-कांग्रेस कठपुतली महापौर को नगरनिगम मे लाना चाहती हैं । भाजपा की गीता दुर्गेश अग्रवाल और कांग्रेस की विनोदिनी रमेश अग्रवाल के प्रति जनता मे सहानुभूति तो है लेकिन मतदान का मन नही हि । कांग्रेस के बागी और केदारेश्वर महादेव मंदिर से जुड़े पूर्व पार्षद शिवा पहलवान की बहु और पार्षद रहे दीपक चौधरी की पत्नि मनीषा चौधरी निर्दलीय महापौर प्रत्याशी के रुप मे सक्रिय हैं और पद की दावेदार भी ।
बसपा की निकिता सूर्यवंशी भी युवा और योग्य हैं लेकिन उनका प्रबंधन कमजोर है ।
इन चारों के बीच आमआदमी की पार्टी से युवा,,शिक्षित ,सौम्य और सरल प्रत्याशी चाना ज्ञानेश पंवार की चर्चा आधिक है । जनता देवास मे चाना ज्ञानेश को महापौर देख रही है । पत्रकारों और बुद्धिजीवियों मे चाना पवार की योग्यता और सरलता की चर्चा है :।
आमआदमी पार्टी प्रत्याशी की सौम्य छवि और सरल व्यवहार जनसंपर्क मे युवाओं ,महिलाओं और आमआदमी को अपनी तरफ आकर्षित कर रहा है । आमआदमी पार्टी की प्रत्याशी द्वारा प्रेस की अपेक्षा जनता पर अधिक ध्यान दिया जा रहा है :। भाजपा-कांग्रेस और निर्दलीय महापौर अपने प्रचार प्रसार मे सक्रिय हैं वहीं आप प्रत्याशी जनसंपर्क मे सुबह से रात तक सक्रिय हैं ।शहर मे चर्चा है कि आप के आ जाने से चुनावी समीकरण बदल रहे हैं और जनता थोपे प्रत्याशियों से कन्नी काट रही है ।

