आज से लगभग 5 साल पहले माता चामुंडा टेकरी के नीचे तत्कालीन कलेक्टर आशुतोष अवस्थी द्वारा जनसहयोग से अन्न क्षेत्र की स्थापना की गई थी जिसे स्थानीय सामाजिक संगठनों द्वारा संचालित किया जाता था। उक्त अन्न क्षेत्र को राजनीति की भेंट चढ़ाते हुए जिले के प्रमुख प्रशानिक अधिकारियों ने बंद कर दिया था।
कुछ दानदाताओं सामाजिक संगठनों द्वारा मुख्यमंत्री को इस अन्न क्षेत्र को पुनः शुरू करने की कवायद के चलते एक आवेदन दिया गया था जिस पर मुख्यमंत्री ने धार्मिक न्यास-धर्मस्व मंत्रालय के द्वारा एक आदेश जारी कर अन्न क्षेत्र पुनः शुरू करने और जप्त राशि लौटाए जाने के आदेश जारी किए हैं।
याद रहे तत्कालीन कलेक्टर महेश अग्रवाल द्वारा इस अन्न क्षेत्र की बिल्डिंग का निर्माण कराया गया था और शहर के सामाजिक संगठनों ओर जनसहयोग से 21 हजार प्रति व्यक्ति आजीवन सदस्य (160 सदस्य) तथा 4 दानदाताओ द्वारा एक एक लाख रुपये का दान दिया जाकर शहर के सामाजिक संगठनों एवं प्रतिष्ठितजनों जनप्रतिनिधियों की एक समिति बना कर इस अन्न क्षेत्र को संचालित किया जा रहा था, जहां प्रारम्भ में 10 रुपये ओर बाद में 15 रुपये थाली में श्रद्धालुओं को भर पेट स्वादिष्ठ खाना उपलब्ध होता था। इस अन्न क्षेत्र का शुभारम्भ तत्कालीन जिला प्रभारी मंत्री पटवा द्वारा किया गया था।
लेकिन दुर्भाग्यवश दो वर्ष पूर्व तत्कालीन कलेक्टर ओर मां चामुंडा देव स्थान समिति ( एसडीएम ) ने इस अन्न क्षेत्र की समिति में जनसहयोग से एकत्रित लाखो रुपयों की राशि को जबरन जप्त कर इस अन्न क्षेत्र को बंद कर दिया गया। जिसे मुख्यमंत्री और धार्मिक न्यास ओर धर्मस्व विभाग द्वारा एक आदेश जारी कर पुनः शुरू करने और जप्त लाखो रुपयों की राशि लौटाने का आदेश दिया गया हैं।
ध्यान रहे कि , इस अन्न क्षेत्र से माता टेकरी पर दर्शन के लिए आने वाले हजारों भक्तों को शहर के गरीब निर्धन लोगों को प्रतिदिन शुद्ध और सात्विक भोजन की प्राप्ति होती थी और लोग लाभान्वित होते थे।

